मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में बुधवार (13 मई) सचिवालय स्थित विश्वकर्मा भवन में प्रदेश मंत्रिमंडल की महत्वपूर्ण बैठक हुई. बैठक में स्वास्थ्य, पर्यटन, परिवहन समेत कई विभागों से जुड़े अहम प्रस्तावों पर मंथन किया गया. इस कैबिनेट बैठक पर सबसे अधिक नजर नर्सिंग अभ्यर्थियों के चल रहे आंदोलन को लेकर है.
पिछले 160 से अधिक दिनों से वर्षवार भर्ती की मांग को लेकर अभ्यर्थी देहरादून में डटे हुए हैं. राजनीतिक हलकों में अटकलें हैं कि सरकार आज नर्सिंग भर्ती और रिक्त पदों को भरने को लेकर कोई ठोस निर्णय ले सकती है. यदि ऐसा होता है तो यह आंदोलनरत अभ्यर्थियों के लिए बड़ी राहत होगी.
कैबिनेट की इस बैठक में चारधाम यात्रा की व्यवस्थाओं, ट्रैफिक प्रबंधन और तीर्थयात्रियों की सुरक्षा से जुड़े प्रस्ताव भी रखे गए हैं. इसके साथ ही आगामी कुंभ मेले की तैयारियों को लेकर भी सरकार कुछ नीतिगत फैसले ले सकती है.
बैठक में एक और बात चर्चा का विषय बनी मुख्यमंत्री धामी आज महज पांच गाड़ियों के काफिले के साथ सचिवालय पहुंचे, जिसमें तीन मुख्य और दो एस्कॉर्ट वाहन शामिल थे. जबकि इससे पहले उनके काफिले में 8 से 10 गाड़ियां होती थीं.
सीएम और मंत्रियों द्वारा कम काफिले से आने को प्रधानमंत्री की उस अपील से जोड़कर देखा जा रहा है. जिसमें उन्होंने देशवासियों से ईंधन की बचत, निजी वाहनों के बजाय सार्वजनिक परिवहन अपनाने और संसाधनों के सीमित उपयोग की बात कही थी.
इसी कड़ी में कृषि मंत्री गणेश जोशी इलेक्ट्रिक स्कूटी पर सवार होकर सचिवालय पहुंचे. उनके इस कदम को ईंधन बचत और वैकल्पिक ऊर्जा को बढ़ावा देने के संदेश के रूप में देखा जा रहा है. कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक, सुबोध उनियाल और राम सिंह कैड़ा समेत अन्य मंत्री भी बैठक में मौजूद रहे.
