पंतनगर कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत तराई केंद्रीय वन प्रभाग की टांडा रेंज में एक बार फिर दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. गंगापुर पटिया बीट के जंगल में लकड़ी लेने गई तीन महिलाओं पर एक टस्कर हाथी ने अचानक हमला कर दिया. यह हाथी पहले से ही इलाके में आतंक का कारण बना हुआ है और पिछले कुछ दिनों से लगातार मानव बस्तियों के आसपास देखा जा रहा था.
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, महिलाएं जंगल के भीतर लकड़ी इकट्ठा कर रही थीं, तभी अचानक हाथी उनकी ओर दौड़ पड़ा. घबराई महिलाएं अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगीं. इसी दौरान 60 वर्षीय मैंना देवी, जो झा कॉलोनी पंतनगर की निवासी थीं, हाथी के निशाने पर आ गईं. हाथी ने उनका पीछा किया, उन्हें सूंड से उठाकर पटक दिया और फिर पैरों से कुचलकर उनकी जान ले ली.
अन्य दो महिलाएं किसी तरह जान बचाकर कॉलोनी पहुंचीं और घटना की जानकारी लोगों को दी. सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग घटनास्थल की ओर दौड़े, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी. मैंना देवी की मौके पर ही मौत हो चुकी थी और हाथी जंगल की ओर वापस जा चुका था. मृतका के परिवार में तीन बच्चे हैं, जिनमें दो बेटियां और एक बेटा शामिल हैं. इस दुखद घटना से परिवार में मातम पसरा हुआ है. वहीं पूरे क्षेत्र में भय और आक्रोश का माहौल बना हुआ है.
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची. प्रभागीय वन अधिकारी उमेश चंद्र तिवारी, टांडा रेंज के वन क्षेत्राधिकारी रूप नारायण गौतम और पंतनगर पुलिस के उपनिरीक्षक दिनेश रावत सहित कई अधिकारी मौके पर मौजूद रहे. साथ ही किच्छा के पूर्व विधायक राजेश शुक्ला भी घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया.
